
पवित्रता की शक्ति (Power of Purity in Hindi)
भौतिक शरीर के समान, यदि हमारे अंतर्मन का ध्यान नहीं रखा जाये, तो यह विभिन्न व्याधियों और यातनाओं का कारण बन सकता है| इस ध्यान का उद्देश्य, गहरी आंतरिक स्वच्छता लाना है, जो कि साधकों को प्रेम को पूरी तरह से “पाने” और “देने” के लिए खोलती है और अवचेतन मन से नकारात्मक छापों को मिटाकर, वर्तमान क्षण का पूर्णता से आनन्द लेने में सहायता करती है| विभिन्न स्तरों के अवरोधों- मानसिक, अध्यात्मिक, भावनात्मक को मिटाकर, एक व्यक्ति का क्षमा, सकारात्मकता और आनन्द की ओर मार्गदर्शन किया जा सकता है| हर विचार, शब्द और कृत्य में उपस्थित रहने से कर्मों का उन्मूलन किया जा सकता है| वह आपको मुक्त कर सकता है| विचार, शब्द और कृत्य में पवित्रता व्यक्ति को हर चीज़ से मुक्त करती है और उसके अस्तित्व को प्रबल करती है| पवित्रता, शक्ति है| पवित्रता, सत्य है| सत्य, पवित्र है| सारा ब्रम्हांड सत्य और पवित्रता से गूँजता है| जब हम सत्य को जीते है, पवित्रता आती है| पवित्रता, मुक्त करती है| वह जीवन को विश्वास और आशा से भर देती है| वह हमें चेतना के सर्वोच्च स्तर से जोड़ती है| पवित्रता की शक्ति अपरिमेय है| वह परमात्मा का स्वभाव है|
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Virginia, USA
