उम शानती अच्कल आप किसी बात से परिशान हैं?
कोई बात के उपर आपके मन में कॉंस्टन्ट व्यारत विचार चल रहे हैं?
शायद आप सोच रहे होगे किसी एक रिष्ते के बारे में कितना वो है उन्होंने मुझे फोन भी नहीं करके पूछा आप कैसे हो?
उन्होंने मेरी तबित के बारे में भी नहीं पूछा इतना ही नहीं,
मेरा बर्डे था लेकिन बर्डे पर ना वो आए,
ना उन्होंने मुझे गिफ्ट दिया मैंने कॉल किया,
फिर भी उन्होंने उसे रिसिव नहीं किया दो दिन के बाद उन्होंने जबाब दिया अच्छा मैं उनका इतना रखती हूं मैं उनका बहुत कुछ करती हूं उनके बर्डे को बहुत अच्छा गिफ्ट देती हूं वो बिमार रहते तो मैं इनको पूछती हूं मैं हर समय उनका बहुत रिस्पेक्ट रखती हूं लेकिन उनोंने नहीं रखा तो अभी मैं भी उनको फोन नहीं करूंगे मैं भी उनके बर्डे पर उनको कॉल नहीं करूंगे मैं नहीं उनके बिमारे पर उनको पूछूंगे आते हैं न ऐसे विचार कई बार आते हैं लेकिन ये विचार सोच सोच कर परिशान कौन होता है?
ये विचार सोच सोच कर परिशान तो मैं कुछ हो रही हूं दुखी मैं हो रही हूं क्योंकि मेरे विचार मुझे ही दुख या सुक देते हैं अच्छा इसका फाइदा क्या हुआ?
इसका फाइदा तो कुछ भी नहीं हुआ बस इसका लॉस ही हुआ और यही विचार सोच सोच कर हम सारा दिन परिशान होते हैं चलो क्या हम अपने थौट पैटर्न को चेंज करें?
चेंज करें थौट पैटर्न को?
उन्होंने फोन नहीं किया,
इट्स ओके इट्स ओके नहीं किया लेकिन मेरे मन में उनके परती तो प्यार है न?
मेरे मन में उनके परती स्ने है न?
क्यों?
क्योंकि जब मेरे मन में उनके परती स्ने है तो मैं उनके लिए जो जो करती हूँ मुझे बहुत अच्छा लगता है वो करे या ना करे उनकी चोईस वो करे या ना करे उनकी प्रायरिटी जैसी होगी वैसी लेकिन अगर मुझे अच्छा लगता है ये करने से तो ये अच्छा लगते लगते मेरे अंदर फील गूर्ड फैक्टर शुरू हो जाएगा और जैसे मुझे अच्छा लगना शुरू हो जाएगा सब कुछ अच्छा होना शुरू हो जाएगा तो फिर क्या करना है उनके उपर डिपेंड रहना है या खुद के अंदर की अच्छाई इसको मुझे कांटिन्यू करना है जितना हम अपनी आपकी अच्छाई बार बार बढ़ाते जाएंगे एक्स्प्रेस करते जाएंगे उतने मेरे अंदर की अच्छाई और बढ़ती जाएगी और बढ़ती जाएगे और ये अच्छाई बढ़ती बढ़ते अच्छाई बढ़ती जाएंगे अच्छाई बढ़ती जाएंगे अच्छाई बढ़ती जाएंगे अच्छाई बढ़ती जाएंगे अच्छाई बढ़ती जाएंगे कुछ नहीं चाहिए बस मुझे करना है क्योंकि मुझे अच्छा लगता है देने से मेरी खुशी बढ़ती है तो करे आज ये किसी से भी अपिक्षा नहीं अपने मन से करते जाओ और खुशी को बढ़ाते जाओ HAPPY DAY